डा. महेश भट्ट
कोरोना महामारी के इस दौर में, ये बहुत जरूरी हो जाता है कि हम अपने स्वास्थ्य का ख्याल रखें और अपने आसपास के लोगों को भी विशेषकर बच्चों को भी एक स्वस्थ जीवनशैली की तरफ बढ़ाया जा सकता है।
कोरोना से बचने के उपाय जैसे शारीरिक दूरी बनाये रखना, मास्क का सही इस्तेमाल करना, बाहर से आने के बाद या कोई बाहरी बस्तु छूने के बाद साबुन से हाथ धोना या सेनेटाइजर का इस्तेमाल करना, छींकते या खांसते समय हाथ के बजाय कोहनी पर खांसें, इत्यादि, लेकिन इसी के साथ ये जानना भी बहुत जरूरी है कि कैसे हम अपने शारीरिक स्वास्थ्य के साथ ही साथ मानसिक स्वास्थ्य को भी सकारात्मक रखें।
इसी सम्बन्ध में हम ये सीरीज शुरू करने जा रहे हैं, जिसमे हर रविवार को आपको स्वास्थ्य एवं स्वस्थ दिनचर्या के बारे में बताया जाएगा।

चलना सबसे बढ़िया एवं उपयुक्त एक्सरसाइज

आज हम बात करेंगे एक्सरसाइज की, तो इसको साधारण रूप से हम ये कह सकते हैं कि चलना सबसे बढ़िया एवं उपयुक्त एक्सरसाइज है, अंग्रेजी में एक कहावत हम सब लोगो ने सुनी है कि ‘walking is the best exercise’ ये बात शत प्रतिशत सही है।
जब हम सुबह की सैर पर निकलते हैं तो हम प्रकृति के सबसे सुन्दर रूप को देखते हैं तो हमारे शरीर मे बहुत से सकारात्मक रसायन प्रवाहित होते हैं, जो सुबह की ताजी हवा के साथ ही साथ हमको सकारात्मक सोच और सकारात्मक ऊर्जा से भर देते हैं, इसका असर हमारे दिन भर के क्रियाकलापों पर पड़ता है, अतः एक्सरसाइज के साथ ही साथ हम मानसिक तौर पर भी सकारात्मकता की तरफ बढ़ रहे होते हैं।
सबसे बड़ी बात बहुत सी अच्छी चीजों की ही तरह इसमें किसी भी प्रकार का खर्चा नहीं होता। बीपी, सुगर, तनाव, के साथ ही साथ बहुत सारी नकारात्मक ऊर्जा भी ठीक होती है।

वाॅक का सबसे सही समय है सुबह

वैसे घूमने का सही समय प्रातःकाल ही है, लेकिन कोई भी व्यक्ति दिन में कभी भी किसी भी समय वाॅक कर सकता है। आॅफिस में एक ही जगह पर बहुत देर तक बैठने वाले लोग हर एक घंटे में कुर्सी से उठ कर चहलकदमी कर सकते हैं। यह उनके स्वास्थ्य के लिए ठीक रहेगा।
एक स्थान पर अधिक समय तक बैठने वाले लोग हर एक-दो घंटे में कुर्सी से उठकर वाॅक जरूर करें इससे उन्हें काफी आराम मिलेगा और वह ज्यादा चुस्त-दुरूस्थ रहेंगे। सुबह वाॅक करने के बाद जब व्यक्ति अपने घर से आफिस या अपने अन्य काम से बाहर निकलेगा तो उसमें सकारात्मक ऊर्जा का संचार होगा। वह अपने आप को पूरी तरह से तरोताजा महसूस करेगा, इससे उसके काम पर भी अच्छा असर रहता है।
अगले रविवार एक ओर स्वास्थ्य के आयाम के साथ आप से बात होगी।
(सर्जन, लेखक, सार्वजनिक स्वास्थ्य सलाहकार) एमडी एमएमबीएचएस ट्रस्ट एवं अध्यक्ष विज्ञान भारती, उत्तराखण्ड

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